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Petrol Pump वाले पाइप से कर देते हैं खेल, आपका ध्यान तो होगा ज़ीरो पर

Petrol Pump : देश में पेट्रोल डीजल की कीमतों में आग लगी हुई है। कंट्रोल डीजल महंगा होने के कारण जब भी वाहन मालिक कंट्रोल पंप पर तेल भरवाने के लिए जाते हैं तो हमेशा उनकी नजर पेट्रोल पंप के मीटर पर होती है। आपको पता भी नहीं लगेगा आप मशीन देखते रहिए और आपके साथ पेट्रोल पंप का खेला हो जाएगा। दिक्कत मशीन में नहीं है अब पाइप से सारा खेल होता है। उनकीसाथ ठगी की जा रही है वाहन मालिक की यह समझ ही नही पाते। अगली बार जब भी आप पेट्रोल पंप जाएं तो इन चीजों का खास ध्यान रखें

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Petrol Pump वाले पाइप से कर देते हैं खेल, आपका ध्यान तो होगा ज़ीरो पर 

The Chopal : देश में पेट्रोल पंप पर डीजल पेट्रोल की चोरी की वारदातें आम खास अखबारों समाचारों में आप सुनते ही होंगे। देश के आम लोगों से आपने सुना होगा कि आप पेट्रोल पंप पर 100 की जगह 110 का तेल डलवाए। आपको पता ही नहीं चलता आपका ध्यान मीटर की तरफ होता है और खेल पाइप से हो जाता है। वाहन चालक जब पेट्रोल पंप पर पेट्रोल भरवाने जाते हैं तो ध्यान हमेशा जीरो पर रखते हैं क्योंकि डीजल और पेट्रोल बहुत महंगे हैं। डीजल-पेट्रोल चोरी पेट्रोल पंप पर आम है। अब मध्य प्रदेश के इंदौर में जनोपयोगी लोक अदालत में याचिका दायर की गई है, जिसमें सभी पेट्रोपंपों पर पारदर्शी पाइपों की जरूरत है। याचिकाकर्ता का दावा है कि इससे चोरी रुक सकती है। 21 सितंबर को कोर्ट ने इस मामले में कलेक्टर और फूड कंट्रोलर को नोटिस भेजा और उनसे जवाब मांगा।

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आप चाहें तो डीजल या पेट्रोल की शुद्धता को मिनटों में जांच सकते हैं। आपको फिल्टर पेपर पर फ्यूल की दो बूंदे डालना होगा। इसके लिए, डिलेवरी नोजल के मुंह को साफ करना सबसे पहले करें। नोजल से फिल्टर पेपर पर दो बूंद पेट्रोल डालें। दो मिनट में पेपर से पेट्रोल फिल्टर उड़ जाएगा। यदि सूखने पर गहरे रंग का दाग रहता है, तो इसका अर्थ है कि पेट्रोल मिलावटी है।

आपको भी फिल्टर पेपर खरीदने की जरूरत नहीं है; इसके बजाय, आप पेट्रोल पंप पर काम करने वाले व्यक्ति से इसे खरीद सकते हैं। फेडरेशन ऑफ मप्र पेट्रोल-डीलर एसोसिएशन वॉइस प्रेसीडेंट पारस जैन ने कहा कि कई लोग पेट्रोल में सॉल्वेंट मिला देते हैं, इससे पेट्रोल मिलावटी होने पर भी दाग नहीं छोड़ता। ऐसे में आप डेंसिटी जार का उपयोग करके पेट्रोल की शुद्धता का पता लगा सकते हैं। हर पेट्रोल पंप में एक डेंसिटी जार है।

कितनी होना चाहिए शुद्ध पेट्रोल की डेंसिटी

- पेट्रोल की शुद्धता की जांच उसकी डेंसिटी से की जाती है। पेट्रोल की डेंसिटी 730 से 800 के बीच है, तो वह शुद्ध माना जाएगा। 730 से कम है और 800 से ज्यादा है तो उसमें मिलावट हो सकती है।

- डीजल की डेंसिटी 830 से 900 के बीच होती है।

डेंसिटी जार से भी करवा सकते हैं जांच

- फिल्टर पेपर के बाद भी आपको फ्यूल की शुद्धता पर शक है तो आप डेंसिटी जार से इसकी जांच करवा सकते हैं।

- डेंसिटी चेक करने के लिए आपको 500ml जार, हाईड्रोमीटर, थर्मोमीटर और ASTM (अमेरिकन सोसायटी फॉर टेस्टिंग ऑफ मटेरियल्स) कन्वर्सन चार्ज की जरूरत होगी। हाईड्रोमीटर किसी भी लिक्विड की डेंसिटी जांचने के लिए एक अच्छा उपकरण है।

- यह सभी चीजें पेट्रोल पंप पर उपलब्ध होती हैं।
- डेंसिटी जार में घनत्व का अलग-अलग टेम्प्रेचर पर डिफरेंस निकाला जाता है।
- कंज्यूमर प्रोटेक्शन एक्ट 1986 के मुताबिक, हर ग्राहक को पेट्रोल की शुद्धता मापने का अधिकार है।
- कई बार नॉजल में छेड़छाड़ कर 100 से 150ml तक ईंधन की में हेरफेर की जाती है। ऐसे में शक होने पर 5 लीटर टेस्ट करना चाहिए। पेट्रोल पंप पर 5 लीटर का एक प्रमाणित बर्तन होता है। आप उसमें 5 लीटर पेट्रोल डीजर डलवाकर जांच कर सकते हैं कि नाप सही है या नहीं।

कोई मिलावटी माल बेचे तो क्या करें

- हर पेट्रोल पंप पर कंपनी के अधिकारियों का नंबर लिखा होता है, मिलावट होने पर आप सीधे अधिकारी को शिकायत कर सकते हैं।
- आप कंज्युमर कोर्ट में भी इसकी शिकायत कर सकते हैं और पेट्रोल बेचने वाली कंपनी से हर्जान की मांग कर सकते हैं।
- कंपनी में शिकायत होने पर ऐसे पेट्रोल पंप संचालकों को शोकाज नोटिस भेजा जाता है और पेनाल्टी लगाई जाती है।

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