आगरा ग्वालियर एक्सप्रेसवे से 1 घंटे में कटेगा 3 घंटे का सफर, मुरैना में बनेगा साइलेंट केबल ब्रिज
ग्वालियर : आगरा से ग्वालियर के बीच 88 किलोमीटर लंबा एक्सप्रेसवे बनाया जा रहा है. जिससे दो बड़े शहरों के बीच आने-जाने का समय है घटकर सिर्फ 60 मिनट रह जाएगा. वर्तमान समय में आगरा से ग्वालियर जाने के लिए नेशनल हाईवे 44 का इस्तेमाल होता है. इस 2 लेन के 120 किलोमीटर लंबे सड़क मार्ग पर सफर करने के दौरान दोनों शहरों के बीच 2 से 3 घंटे का समय लग जाता है. परंतु नया एक्सप्रेसवे बन जाने के बाद यह दूरी 32 किलोमीटर तक कम हो जाएगी.
549 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण
मध्य प्रदेश से यूपी और दिल्ली, एनसीआर को आपस में जोड़ने वाले इस 6 लेने की एक्सेस कंट्रोल्ड ग्रीन फील्ड एक्सप्रेसवे प्रोजेक्ट के लिए जमीन अधिग्रहण का काम चल रहा है. अब तक 93% से ज्यादा जमीन का अधिग्रहण का काम पूरा हो चुका है. एमपी, राजस्थान और यूपी से 549 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण किया गया है. हालांकि कुछ जगहों पर मुआवजे को लेकर काम अटक गया. उसको लेकर किसानों और प्रशासन के बीच लगातार बातचीत का दौर जारी है.
कहां से कहां तक बनेगा एक्सप्रेसवे
आगरा ग्वालियर ग्रीन फील्ड एक्सप्रेसवे की अनुमानित लागत 4600 करोड रुपए के आसपास है. यह एक्सप्रेस वे आगरा के इन रोड से शुरू होगा और ग्वालियर के सुरेरा बाईपास तक बनेगा. आगरा, धौलपुर, मुरैना, ग्वालियर, मथुरा, नोएडा और दिल्ली जैसे बड़े बड़े शहरों के बीच कनेक्टिविटी को मजबूती देगा. वाहनों को किसी प्रकार की रुकावट का सामना न करना पड़े इसके लिए 8 बड़े पुल, 32 छोटे पुल, 1 रेल ओवर ब्रिज समेत कई तरह की इंफ्रास्ट्रक्चर का निर्माण होगा.
साइलेंट केबल ब्रिज बनेगा
मुरैना में खास तकनीक से चंबल नदी पर एक 6 लेन का साइलेंट केबल ब्रिज बनाया जाएगा. इस साइलेंट ब्रिज की लंबाई 1600 मीटर होगी. इस ब्रिज से वाहनों के गुजरने के दौरान किसी प्रकार का शोर नहीं होगा. जिससे नदी में रहने वाले मगरमच्छ, घड़ियाल और कछुए समेत अन्य जलीय जीव डिस्टर्ब नहीं होंगे.