UP में ग्रेटर नोएडा से डेढ़ गुना ज्यादा इलाके में बसेगा नया शहर, 144 गांव की होगी मौज
Greater Noida: ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के मास्टर प्लान-2041 को उत्तर प्रदेश सरकार से मंजूरी मिल गई है। यह मास्टर प्लान आने वाले दो दशकों में ग्रेटर नोएडा के विकास की दिशा तय करेगा और क्षेत्र में आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, ट्रांसपोर्ट और हाउसिंग को प्राथमिकता दी जाएगी।
The Chopal : शासन ने ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण का मास्टर प्लान-2041 स्वीकार किया है। फेज-2 शहर के विस्तार में 33,715.22 हेक्टेयर में बनाया जाएगा। वर्तमान शहर की तुलना में यह डेढ़ गुना ज्यादा जगह पर बसेगा। ग्रेटर नोएडा अब 22,255.01 हेक्टेयर का क्षेत्रफल है। इसमें व्यापार को बढ़ावा देने के साथ-साथ परिवहन की सुविधाओं को भी बढ़ावा मिलेगा।
ग्रेटर नोएडा फेज-2 में 140 गांव हैं, जो गौतमबुद्ध नगर, बुलंदशहर, हापुड़ और गाजियाबाद में हैं। फेज-1 में 117 गांव हैं। मास्टर प्लान-2041 में एक नया गांव शामिल होने से संख्या 257 हो गई। प्राधिकरण के एक अधिकारी ने कहा कि मास्टर प्लान के अनुसार शहर को बसाने की योजनाओं को धरातल पर उतारने का काम शुरू कर दिया गया है। अब ग्रेटर नोएडा का क्षेत्रफल 55,970.23 हेक्टेयर है, जो पहले 22,255.01 हेक्टेयर था। कुल क्षेत्रफल का 25.4% या 14,192 हेक्टेयर उद्योग के लिए आरक्षित है। वर्ष 2041 तक शहर की आबादी 40 लाख हो जाएगी। इसलिए घरों की मांग बढ़ेगी। रोजगार की व्यवस्था भी करनी होगी। नए शहर में उद्योगों के लिए सबसे अधिक जमीन इसलिए आरक्षित की गई है।
दादरी क्षेत्र में प्रस्तावित मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट हब (MMTC), मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक हब (MMLC) और बोड़ाकी तक मेट्रो का विस्तार, नोएडा एयरपोर्ट से 130 मीटर चौड़ी सड़क का विस्तार और परी चौक से हापुड़ तक 105 मीटर चौड़ी सड़क का निर्माण परिवहन की सुविधाओं को बढ़ाना होगा। वर्तमान में सड़क ग्रेटर नोएडा के जुनपत गांव तक पहुंच चुकी है। बोड़ाकी में रेलवे ओवरब्रिज बनाया जा रहा है। इसके अलावा, यमुना एक्सप्रेसवे, ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे और गंगा एक्सप्रेसवे को आसपास से गुजरने वाले अन्य एक्सप्रेसवे से जोड़ने का काम किया जाएगा। सड़कों का जाल बिछाने से ट्रैफिक व्यवस्था बेहतर होगी। कुल क्षेत्रफल का 13.2% या 7380.56 हेक्टेयर परिवहन के लिए आरक्षित है।
बेहतर परिवहन सुविधा का प्रयास करेंगे
दादरी क्षेत्र में प्रस्तावित मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट हब, मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक हब, बोड़ाकी तक मेट्रो का विस्तार, नोएडा एयरपोर्ट से 130 मीटर चौड़ी सड़क, परी चौक से हापुड़ तक 105 मीटर चौड़ी सड़क वर्तमान में सड़क ग्रेटर नोएडा के जुनपत गांव तक पहुंच चुकी है। यही नहीं, परिवहन को बेहतर बनाने के लिए यमुना एक्सप्रेसवे, ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे और गंगा एक्सप्रेसवे को भी जोड़ा जाएगा।
ग्रेटर नोएडा फेज-2 में शामिल होने वाले महत्वपूर्ण गांव
अब्दुल्ला मोदी, अच्छेजा, अहमदपुर अगवाना, अजायबपुर, आमका, नई बस्ती, फूलपुर, आनंदपुर, खंदेड़ा, जारचा, खटाना, रानौली, खटाना, शाहपुर, गेसूपुर, भराना, बिसहाड़ा, प्यावली और ऊंचा अमीपुर सहित 144 गांव शामिल हैं। ग्रेटर नोएडा विकास प्राधिकरण के सीईओ एनजी कुमार ने कहा, "मास्टर प्लान-2041 ग्रेटर नोएडा फेज-2 के साथ शहर के विकास को नई गति देगा।" व्यापार और परिवहन पर जोर होगा। मास्टर प्लान की मंजूरी के बाद आगे की कार्रवाई शुरू होगी।