The Chopal

बिना लकड़ी और सीमेंट के 10 साल में बना डाला अनोखा महल, देखकर रह जायेंगे हैरान

इरफान ने जमीन में दो मंजिला महल बनाया है। उसके महल में भी एक मस्जिद है। साथ ही बारह कमरे भी बनाए गए हैं। इरफान ने बताया कि यह 2010 में शुरू हुआ था और अभी भी चल रहा है। अब जमीन की खुदाई में हड्डियां भी मिल रही हैं।
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Unique palace built in 10 years without wood and cement, you will be surprised to see

The Chopal - उत्तर प्रदेश के हरदोई में एक व्यक्ति ने जमीन के नीचे एक महल बनाया है। इसे बनाने वाले व्यक्ति की कला बहुत चर्चा में है। इसके बावजूद, इसे बनाने में कलाकार को लगभग दस वर्ष लगे। उसका दावा है कि उसने खुरपी की मदद से इसे अपने हाथों से बनाया है। महल में भी एक मस्जिद है। इस महल को बनाने में लकड़ी और सीमेंट का इस्तेमाल नहीं किया गया है, जो इसे अलग बनाता है।

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इरफान, जिसे पप्पू बाबा भी कहते हैं, हरदोई के शाहाबाद कस्बे के मोहल्ला खेड़ाबीबीजई में रहता है। उसने अपने खेतों के बीच सैकड़ों वर्ष पुराने टीले को खोदकर कच्ची मिट्टी का महल बनाया है। इरफान ने बताया कि वह लगभग 30 फीट तक जमीन में खुदाई कर चुका है।

मस्जिद 

इरफान ने जमीन में दो मंजिला महल बनाया है। उसके महल में भी एक मस्जिद है। साथ ही बारह कमरे भी बनाए गए हैं। इरफान ने बताया कि यह 2010 में शुरू हुआ था और अभी भी चल रहा है। अब जमीन की खुदाई में हड्डियां भी मिल रही हैं। इरफान का कहना है कि हड्डियां जलजले की जमीन से मिल रही हैं।

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इरफान इस महल में रहता है

इरफान ने बताया कि वह इसी महल में सोकर अल्लाह की इबादत करता है। उसके पास बाहरी दुनिया से बहुत कुछ नहीं है। वह फकीरी की जिंदगी में खुश है। इरफान कहता है कि उसने आसपास की बंजर जमीन को खेती योग्य बना दिया है। बहुत से वृक्ष भी लगाए गए हैं, क्योंकि वे पर्यावरण के अनुकूल हैं। शाहाबाद में रहने वाले तारिक खान ने बताया कि इरफान ने एक दशक से लगातार जमीन खोदकर महल बनाया है। उनके हाथों में ही ऐसी कला है। उनका महल लकड़ी-सीमेंट से निर्मित नहीं है।