UP के इस जिले में 52 गांवों में खरीद-बेच नहीं पाएंगे जमीन, लगाई गई रोक, जानिए वजह

Uttar Pradesh : उत्तर प्रदेश में बीकापुर तहसील क्षेत्र के 52 गांवों के भू-परिवर्तन पर प्रतिबंध लगाया गया है। इन गांवों की जमीन ग्रीन फील्ड एक्सप्रेस वे को दी जाएगी। इसके लिए सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने अधिग्रहण अधिसूचना भी जारी कर दी है।
अयोध्या-सुल्तानपुर राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या-330 के फोरलेन एक्सेस कंट्रोल्ड हाई स्पीड कॉरिडोर का निर्माण शुरू हो गया है। इसके लिए, बीकापुर तहसील क्षेत्र के 39 गांवों, सदर तहसील क्षेत्र के पांच गांवों और सोहावल तहसील क्षेत्र के आठ गांवों का प्रस्ताव भेजा गया है। अपर जिलाधिकारी भू अभिलेख अरुण मणि तिवारी ने इस संदर्भ में संबंधित तहसीलदार और उप निबंधक को पत्र भेजा है।
39 गांवों की जमीन पर लगेगा, प्रतिबंध
संबंधित शहर के भू-उपयोग को बदलने का आदेश दिया गया है। पत्र मिलने के बाद बीकापुर तहसील के 39 गांवों की जमीन की खरीद-विक्री पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। स्थानीय अधिकारी अभी भी अनिश्चित हैं। यह सूची सुल्तानपुर सीमा पर स्थित चौरे चदौली, रंडौली पश्चिम पाली, बैतीकला, कुरेभारी, रामनगर, रतनपुर तेंदुआ, गोविंदपुर, रूपीपुर बझना, भवनाथपुर, प्रानपुर, किलहना, बसंतपुर, पूरे लाला, दुबावां, मानापुर, नंदरौली, तोरोमाफी, मलिकपुर, ककराही, बासदेवपुर, पातूपुर, गुंधौर, दशरथपुर, तारडीह, परोमा, जेरुआ, भावापुर, बबुरिहा कौंधा, जैनपुर, खजुरहट, गंडई, शाहापारा, गौहानी कला, माझा सोनौरा, गौहनिया शामिल है। जबकि सदर तहसील में मधुपुर, पलिया रिसाली, रैथुआ, अबनपुर सरोहा, धर्मदासपुर, खानपुर मसौधा, पिरखौली और सूखापुर इटौरा, बिरौली, भदोखर, शिवदासपुर, खानपुर शामिल हैं।
उप निबंधक बीकापुर अमृता जायसवाल ने बताया कि सक्षम प्राधिकारी अरुण मणि तिवारी ने पत्र भेजा है। इसमें राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़े गांवों के संबंध में भूमि बदलने पर प्रतिबंध लगाया गया है, जिसे ध्यान में रखकर कार्रवाई की जा रही है। वहीं, तहसील और उप निबंधक कार्यालय में सूची मिलने पर संबंधित गांव के किसानों में उत्साह है। सभी गांव अयोध्या प्रयागराज हाईवे से तीन से पांच किलोमीटर पूरब दिशा में हैं। कुछ महीने पहले, ड्रोन से सुलतानपुर से अयोध्या तक करीब 150 मीटर की चौड़ाई में सिक्सलेन का सर्वे किया गया था।