The Chopal

UP के दो जिलों के बीच बनेगा 65 किलोमीटर लंबा एक्सप्रेसवे, जमीन अधिग्रहण का कार्य हुआ पूरा

UP News : उत्तर प्रदेश में बड़े सत्र पर रोड  इंफ्रास्ट्रक्चर के प्रोजेक्ट पर काम किया जा रहा है। उत्तर प्रदेश के दो जिलों के बीच 65 किलोमीटर का एक्सप्रेस वे बनने जा रहा है जिससे आवागमन और ज्यादा आसान होने वाला है।

   Follow Us On   follow Us on
UP के दो जिलों के बीच बनेगा 65 किलोमीटर लंबा एक्सप्रेसवे, जमीन अधिग्रहण का कार्य हुआ पूरा 

Uttar Pradesh News : उत्तर प्रदेश में रोड इंफ्रास्ट्रक्चर को लेकर बहुत ही व्यापक स्तर पर काम हो रहा है। जिन दो जिलों के बीच 65 किलोमीटर लंबा यह नया एक्सप्रेसवे बनाया जा रहा है, उससे न केवल यात्रा का समय कम होगा, बल्कि ट्रैफिक दबाव भी घटेगा और व्यापारिक गतिविधियां भी तेज़ होंगी। आगरा को एक अतिरिक्त एक्सप्रेसवे मिलने जा रहा है।  इसके निर्माण के बाद आगरा से अलीगढ़ की दूरी कम हो जाएगी। एक्सप्रेसवे के लिए ताजा अपडेट यह है कि भूमि अधिग्रहण कार्य पूरा हो गया है। ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे को आगरा से अलीगढ़ के बीच बनाया जाएगा। ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे लगभग 65 किलोमीटर लंबा होगा। आगरा के खंदौली से इसका प्रारंभ होगा। इसके बनने से क्षेत्र के विकास को डबल रफ्तार मिलेगी.

ताजा अपडेट के अनुसार, आगरा-अलीगढ़ एक्सप्रेसवे के लिए आवश्यक जमीन का अधिग्रहण पूरा हो गया है। रूट की जांच भी पूरी हो चुकी है। एक्सप्रेसवे से जुड़े सभी एनओसी भी प्राप्त किए गए हैं। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, आगरा-अलीगढ़ एक्सप्रेसवे का निर्माण जून से शुरू हो सकता है। 2027 तक राजमार्ग का निर्माण पूरा करना लक्ष्य है।  एक्सप्रेसवे बनने से आगरा और अलीगढ़ के बीच सफर आसान हो जाएगा। यह दूरी सिर्फ एक घंटे में तय हो सकेगी।  अभी यात्रा दो घंटे से अधिक लगती है।

जाम से मिलेगी मुक्ति 

यही नहीं, एक्सप्रेसवे बनने के बाद लोगों को अनावश्यक जाम से छुटकारा मिलेगा।  वाहन फर्राटा भर सकेगा और यात्रा का समय कम होगा। आगरा-अलीगढ़ राजमार्ग चार लेन का होगा।  इसे बनाने में लगभग 1536.9 करोड़ रुपये खर्च होंगे।  यह एक्सप्रेसवे की सबसे खास बात यह है कि यह प्रोजेक्ट हरियाली को बचाने के लिए बनाया गया है।

निर्माण दो चरणों में होगा

एक्सप्रेसवे दो चरणों में बनाया जाएगा।  यह पहले NH-509 से हाथरस के बीच में बनाया जाएगा। इसकी दूरी 28 किलोमीटर होगी। यह कार्य KRC Infraprojects Private Limited फरीदाबाद को सौंप दिया गया है।  यह दूसरी बार हाथरस के असरोई गांव से यमुना एक्सप्रेवे टोल प्लाजा (खंदौली) तक विकसित होगा।  इसकी कुल लंबाई 36.9 किलोमीटर है। इस पर लगभग 820.4 करोड़ रुपये खर्च होंगे।

एक्सप्रेसवे में अन्य विशेषताएं क्या हैं?

एक्सप्रेसवे के मार्ग पर 32 अंडरपास, 3 फ्लाईओवर, 16 छोटे बड़े पुल और एक रेलवे ब्रिज बनाए जाएंगे। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) एक्सप्रेसवे बनाने का काम करती है।